Wildlife Trafficking ट्रेन से वन्यजीव तस्करी का भंडाफोड़: स्टेट टाइगर स्ट्राइक फोर्स ने किए 11 दुर्लभ कछुए जब्त
भोपाल: मध्य प्रदेश में वन्यजीव तस्करी (Wildlife Trafficking) के खिलाफ चल रहे अभियान में बड़ी सफलता मिली है। स्टेट टाइगर स्ट्राइक फोर्स (State Tiger Strike Force – STSF), रेलवे सुरक्षा बल (Railway Protection Force – RPF) और वन मंडल भोपाल (Forest Division Bhopal) की संयुक्त टीम ने पटना-इंदौर एक्सप्रेस (Patna-Indore Express) से 311 दुर्लभ और प्रतिबंधित प्रजाति के कछुओं (Rare Prohibited Turtles) को जब्त कर एक आरोपी को गिरफ्तार किया है।
फर्स्ट एसी कोच में छिपा कर ले जा रहा था कछुए
गुप्त सूचना के आधार पर रेलगाड़ी संख्या 19322 पटना-इंदौर एक्सप्रेस के प्रथम श्रेणी वातानुकूलित कोच (First AC Coach) में तलाशी ली गई। इस दौरान आरोपी अजय सिंह राजपूत, पिता रामकुमार के कब्जे से ये दुर्लभ कछुए बरामद किए गए। वन अपराध प्रकरण (Forest Crime Case) क्रमांक 237/23 दर्ज कर 3 फरवरी 2026 को मामले की विवेचना शुरू कर दी गई है।
अंतरराज्यीय तस्करी का मामला
प्राथमिक जांच में यह वन अपराध अंतर्राज्यीय स्तर (Interstate Level) का प्रतीत हो रहा है। प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं मुख्य वन्यजीव अभिरक्षक (Principal Chief Conservator of Forests and Chief Wildlife Warden) मध्य प्रदेश के निर्देश पर स्टेट टाइगर स्ट्राइक फोर्स द्वारा गहन जांच की जा रही है।
आरोपी से विस्तृत पूछताछ चल रही है और उसे 4 फरवरी को न्यायालय में पेश किया जाएगा।
कछुओं को प्राकृतिक आवास में किया जाएगा मुक्त
जब्त किए गए सभी वन्यजीव कछुओं का वन्यजीव पशु चिकित्सक (Wildlife Veterinarian) द्वारा स्वास्थ्य परीक्षण कराया जाएगा। स्वास्थ्य जांच के बाद इन दुर्लभ कछुओं को उनके प्राकृतिक आवास (Natural Habitat) में सुरक्षित रूप से मुक्त किया जाएगा।
