रूस पर क्यों भड़का हुआ है दक्षिण कोरिया, पुतिन के राजदूत को तलब कर जताया विरोध

सियोल: दक्षिण कोरिया और रूस में उत्तर कोरिया के परमाणु हथियारों को लेकर राजनयिक तनाव चरम पर है। दक्षिण कोरियाई विदेश मंत्रालय ने उत्तर कोरिया पर राष्ट्रपति यून सुक येओल के बयान की आलोचना करने के लिए रूसी राजनयिकों को तलब किया है। मंत्रालय ने कहा कि दक्षिण कोरिया के राजनीतिक मामलों के उप विदेश मंत्री चुंग ब्यूंग-वोन ने शनिवार को रूसी राजदूत जियोर्जी जिनोविएव को तलब कर विरोध जताया। उन्होंने रूसी राजदूत से कहा कि राष्ट्रपति यून के बयान पर मॉस्को का हमला दोनों देशों की बीच संबंधों पर नकारात्मक प्रभाव डालेगा।दक्षिण कोरिया बोला- रूस का बयान अफसोसजनकदक्षिण कोरियाई विदेश मंत्रालय ने कहा, उप मंत्री चुंग ने कहा कि यह बहुत अफसोसजनक है कि रूस ने सच्चाई को नजरअंदाज किया और हमारे राष्ट्रपति की टिप्पणियों की बेहद असभ्य भाषा में आलोचना करते हुए बिना शर्त उत्तर कोरिया की रक्षा की और इस बात पर जोर दिया कि इससे कोरिया-रूस संबंध और खराब होंगे।” 2022 में यूक्रेन पर आक्रमण करने के बाद से रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने दक्षिण कोरिया के प्रतिद्वंद्वी, उत्तर कोरिया के साथ संबंधों को मजबूत किया है। अमेरिका और उसके सहयोगियों ने रूस को यूक्रेन युद्ध में मदद करने के लिए उत्तर कोरियाई मिसाइल डिलीवरी की निंदा की है।राष्ट्रपकि यून ने उत्तर कोरिया की आलोचना की थीराष्ट्रपति यून ने बुधवार को रक्षा अधिकारियों की एक बैठक में कहा: “उत्तर कोरियाई शासन पूरी तरह से अपने वंशानुगत अधिनायकवादी शासन को बनाए रखने के लिए आग और पानी से गुजर रहा है, जबकि रूस के साथ हथियारों का व्यापार करके अंतरराष्ट्रीय कानून और संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के प्रस्तावों की खुलेआम अनदेखी कर रहा है।” अगले दिन रूसी विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता मारिया जखारोवा ने यून की टिप्पणियों को “स्पष्ट रूप से पक्षपातपूर्ण” कहा। उन्होंने संवाददाताओं से कहा कि कोरियाई प्रायद्वीप पर बढ़ते तनाव को देखते हुए, “मुख्य रूप से (दक्षिण) कोरिया और जापान सहित अमेरिका और उसके सहयोगियों की निर्लज्ज नीति के कारण टिप्पणियां विशेष रूप से घृणित लगती हैं।”रूसी उप विदेश मंत्री से मिले उप मंत्री चुंगसियोल के विदेश मंत्रालय ने रविवार को कहा कि उप मंत्री चुंग ने शुक्रवार को रूस के उप विदेश मंत्री आंद्रेई रुडेंको से मुलाकात की और प्योंगयांग और मॉस्को के बीच सैन्य सहयोग पर सियोल के सख्त रुख से अवगत कराया। मंत्रालय ने कहा कि सियोल के परमाणु दूत किम गुन ने भी रुडेंको से मुलाकात की। बयान में कहा गया है कि चुंग और रुडेंको ने यूक्रेन में रूस के युद्ध सहित अन्य मुद्दों पर भी चर्चा की। रूस के विदेश मंत्रालय ने रविवार को कहा कि सियोल में चुंग और अन्य अधिकारियों के साथ रुडेंको की बैठकों के दौरान विचारों का आदान-प्रदान हुआ।