ईरान पर मिसाइल गिराकर पाकिस्तान को क्या हुआ फायदा? मुनीर ने लगाए एक तीर से दो निशाने

इस्लामाबाद: ईरान ने पाकिस्तान के बलूचिस्तान में आतंकी संगठन जैश अल-अदल के मुख्यालय पर एयर स्ट्राइक की थी। पाकिस्तान की ओर से इसके गंभीर परिणाम की चेतावनी दी गई थी। अब गुरुवार को ईरान में मौजूद बलूच अलगाववादी समूहों पर पाकिस्तान की ओर से हमला किया गया है। पाकिस्तानी सेना ने कथित तौर पर ईरान के सिस्तान और बलूचिस्तान प्रांत में सरवन शहर में बलूचिस्तान लिबरेशन फ्रंट और बलूचिस्तान लिबरेशन आर्मी की चौकियों पर हमला किया। लेकिन इस हमले से पाकिस्तानी सेना को उम्मीद से ज्यादा फायदा हो सकता है।दरअसल पाकिस्तानी सेना को इस हमले से कई फायदे हैं। सबसे पहला तो इससे जनता का गुस्सा शांत होगा। क्योंकि पाकिस्तान के लोग ईरान के हमले से नाराज थे और वह अपनी ही सेना की काबिलियत पर सवाल उठाने लगे थे। लोग कह रहे थे कि पाकिस्तानी सेना को सिर्फ पॉलिटिक्स आती है। इसके अलावा पाकिस्तानी सेना को एक राजनैतिक फायदा भी मिलेगा। दरअसल पाकिस्तान में 8 फरवरी को चुनाव होने हैं। लेकिन इससे पहले सेना ने इमरान खान और उनकी पार्टी पर कई एक्शन लिए हैं।पाकिस्तानी सेना को क्या फायदापाकिस्तान में इस बार सेना नहीं चाहती कि इमरान खान पीएम बनें। सेना एक बार फिर पाकिस्तान में नवाज शरीफ को ले आई है। नवाज शरीफ के पीएम बनने में जितने भी कांटे हैं, उन्हें एक-एक कर हटाया जा रहा है। इमरान खान सबसे बड़े रोड़ा थे, जिन्हें जेल में डाल दिया गया है। इसके अलावा उनके खिलाफ कई और मुकदमे खोल दिए गए। पाकिस्तान में जनता का एक बड़ा पक्ष इमरान के समर्थन में है। ऐसे में इमरान पर हो रही कार्रवाइयां सेना के खिलाफ गुस्सा पैदा कर रही है। ईरान पर एयर स्ट्राइक से सेना लोगों को एक बार फिर अपने पक्ष में करने में कामयाब दिख रही। भले ही यह थोड़े ही समय के लिए क्यों न हो।ईरान ने किया था हमलाएएफपी की रिपोर्ट के मुताबिक एक खुफिया सूत्र ने कहा, ‘मैं सिर्फ इस बात की पुष्टि कर सकता हूं कि हमने पाकिस्तान विरोधी आतंकवादी समूहों के खिलाफ आतंकी हमले किए हैं, जिन्हें ईरान के अंदर निशाना बनाया गया था।’ उन्होंने यह भी कहा कि सरकारी बयान जल्द ही आएगा। मंगलवार की देर रात ईरान की ओर से पाकिस्तान में हमला किया गया था। इसमें दो बच्चों की मौत हो गई थी। पाकिस्तान ने कहा कि यह उनकी संप्रभुता का उल्लंघन है।