वरुण तोमर और ईशा ने एशियाई निशानेबाजी क्वालीफायर में 10 मीटर स्वर्ण के साथ ओलंपिक कोटा हासिल किया

भारत के युवा निशानेबाजों वरूण तोमर और ईशा सिंह ने सोमवार को यहां एशियाई ओलंपिक क्वालीफायर की क्रमश: पुरुष और महिला 10 मीटर एयर पिस्टल स्पर्धा का स्वर्ण पदक जीतकर भारत के लिए दो ओलंपिक कोटा हासिल किए।
इन दोनों के ओलंपिक के लिए क्वालीफाई करने के साथ भारत के निशानेबाजों ने पेरिस खेलों के 15 कोटा हासिल कर लिए हैं और इसके साथ ही तोक्यो खेलों में सबसे अधिक निशानेबाज उतारने के अपने पिछले सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन की बराबरी कर ली।
भारतीय निशानेबाजों के पास बाकी क्वालीफायर स्पर्धाओं के जरिए भी इस साल जुलाई-अगस्त में होने वाले खेलों में जगह बनाने का मौका होगा।
भारत ने इस महाद्वीपीय प्रतियोगिता के पहले दिन दो टीम स्वर्ण सहित कुल छह पदक के साथ अपने अभियान का आगाज किया।
बीस साल के तोमर ने फाइनल में 239.6 अंक के साथ शीर्ष स्थान हासिल किया जबकि उनके हमवतन अर्जुन चीमा ने 237.3 अंक के साथ रजत पदक जीता। मंगोलिया के देवाखु एंखताइवान (217.2) ने कांस्य पदक अपने नाम किया।
इससे पहले तोमर (586), अर्जुन (579) और उज्जवल मलिक(575) की भारतीय टीम कुल 1740 अंक के साथ टीम स्पर्धा में शीर्ष पर रही थी। ईरान और कोरिया ने क्रमश: रजत और कांस्य पदक जीते।
महिला वर्ग में 18 साल की ईशा ने फाइनल में 243.1 अंक के साथ स्वर्ण पदक जीता। पाकिस्तान की किशमाला तलत (236.3) ने रजत जबकि ईशा की हमवतन रिदम सांगवान (214.5) ने कांस्य पदक जीता।
ईशा, रिदम अैर सुरभि राव की भारतीय तिकड़ी ने कुल 1736 अंक के साथ टीम स्पर्धा का स्वर्ण पदक भी जीता। ईशा 10 मीटर एयर पिस्टल मिश्रित टीम और 25 मीटर पिस्टल टीम के साथ विश्व चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीत चुकी हैं।
इस प्रतिष्ठित महाद्वीपीय प्रतियोगिता में पेरिस ओलंपिक के लिए कुल 16 कोटा स्थान दांव पर लगे हैं। पुरुषों और महिलाओं के लिए 10 मीटर एयर पिस्टल स्पर्धा में चार कोटा हैं जिसमें से अधिकतम तीन भारतीय निशानेबाजों को मिल सकते हैं।
इस प्रतियोगिता में 26 देशों के लगभग 385 निशानेबाज पेरिस कोटा हासिल करने के अलावा 256 पदक (84 स्वर्ण, 84 रजत और 88 कांस्य पदक) जीतने के लिए जकार्ता की सेनायन निशानेबाजी रेंज में चुनौती पेश करेंगे।
भारत इस प्रतियोगिता से पहले राइफल, पिस्टल और शॉटगन स्पर्धाओं में 13 ओलंपिक कोटा स्थान हासिल कर चुका है।