बेहिसाब दौलत, सोना-चांदी और भी बहुत कुछ… रियल एस्टेट कारोबारियों के 15 से ज्यादा ठिकानों पर IT की रेड

मध्य प्रदेश के इंदौर में रियल स्टेट कारोबारियों के यहां पर इनकम टैक्स विभाग ने छापामार कार्रवाई को अंजाम दिया है. इनकम टैक्स विभाग ने रियल स्टेट कारोबारियों के वहां पर छापामार कार्रवाई के दौरान तकरीबन 6 करोड रुपए से अधिक नगद और सोने चांदी के जेवरात बरामद किए हैं. वहीं पूरे मामले में रियल स्टेट कारोबारियों के विभिन्न बैंक में अकाउंट और लॉकर की भी जानकारी लगी है जिसके बारे में जल्दी ही इनकम टैक्स विभाग खुलासा करने वाली है, लेकिन यह अनुमान लगाया जा रहा है कि जिस तरह से रियल स्टेट कारोबारियों के वहां पर छापामार कार्रवाई में 6 करोड रुपए से अधिक नगद एवं सोने चांदी के जेवरात मिले हैं
तो निश्चित तौर पर बैंक अकाउंट और बैंक लॉकर में भी करोड़ों रुपए की संपत्ति का खुलासा हो सकता है. बता दे इनकम टैक्स विभाग ने इंदौर के दो रियल स्टेट कारोबारियों के विभिन्न ठिकानों पर छापामार कार्रवाई को अंजाम दिया है. बता दे इनकम टैक्स विभाग को इंदौर के दो रियल एस्टेट कारोबारी स्कायअर्थ के डायरेक्टर एवं हाई लिंक ग्रुप के वीरेंद्र गुप्ता के ठिकानों पर छापामार कार्रवाई को अंजाम दिया गया है.
बैंक अकाउंट और लॉकर खगालने में जुटी टीम
बता दें अचानक से इनकम टैक्स विभाग की टीम दोनों ही रियल इस्टेट कारोबार के घर और ऑफिस पहुंची और कार्रवाई को अंजाम दिया. इस दौरान जहां स्कायअर्थ के डायरेक्टर के वहां पर करोड़ों रुपए से संबंधित नगद रुपया बरामद हुआ, वही इनकम टैक्स विभाग की टीम हाई लिंक ग्रुप के डायरेक्टर वीरेंद्र गुप्ता के घर एवं ऑफिस पर भी पहुंची. इस दौरान उनके विभिन्न तरह के दस्तावेज इनकम टैक्स विभाग की टीम ने जब्त किए. वही कार्रवाई के दौरान इनकम टैक्स विभाग को दोनों ही ग्रुप के विभिन्न अकाउंट की जानकारी हाथ लगी है.
तो वही विभिन्न बैंकों में लॉकर भी मिले हैं. जिन पर आने वाले दिनों में खुलासा किया जाएगा. बता दें इनकम टैक्स विभाग की टीम ने इंदौर के दोनों ही रियल स्टेट कारोबारियों के यहां पर अलसुबह दो दर्जन से अधिक अधिकारी मौजूद है तो वहीं 80 से अधिक एसएफ के जवान कार्रवाई को अंजाम देने पहुंचे हैं. जो अधिकारी इस कार्रवाई को अंजाम देने पहुंचे हैं. वह भी अलग-अलग प्रदेशों के हैं.
6 करोड़ से ज्यादा की नगदी जब्त
इंदौर के दोनों रियल एस्टेट कारोबारी बीजेपी और कांग्रेस के बड़े नेताओं से भी जुड़े हुए हैं. अनुमान लगाया जा रहा है कि आने वाले दिनों में और बड़े खुलासे हो सकते हैं. इस पूरे मामले में इनकम टैक्स विभाग ने दोनों ही रियल एस्टेट कारोबारियों के यहां से तकरीबन 6 करोड रुपए और सोने चांदी के जेवरात बड़ी संख्या में दोनों रियल एस्टेट कारोबारियों के यहां मिले हैं. इसके बारे में भी रियल एस्टेट कारोबारी से पूछताछ की जा रही है.
पान की दुकान चलाते चलाते बन गए रियल एस्टेट कारोबारी
बता दे इंदौर के हाई लिंक ग्रुप के डायरेक्टर वीरेंद्र गुप्ता पहले एक पान की दुकान संचालित करते थे और उसके बाद वह रियल स्टेट कारोबार में आए और देखते ही देखते शहर के बड़े रियल एस्टेट कारोबारी बन गए और हाई लिंक ग्रुप के नाम से इंदौर के पश्चिम क्षेत्र में तकरीबन 1 दर्जन से अधिक कॉलोनियों काट दीं. इनकम टैक्स विभाग को काफी दिनों से यह सूचनाएं मिल रही थी कि कारोबारी ने इनकम टैक्स को इनकम से संबंधित गलत जानकारियां दी हुई है.
उसी के चलते इनकम टैक्स विभाग ने तकरीबन 20 दिनों तक इंदौर के दोनों रियल स्टेट कारोबारियों के बारे में विभिन्न तरह की जानकारियां खगाली और उसके बाद इनकम टैक्स विभाग ने अलसुबह ही एक के बाद एक दबिश को अंजाम दिया इंदौर में तकरीबन 15 से अधिक स्थानों पर इनकम टैक्स विभाग की टीम जांच पड़ताल करने में जुटी है जिस पर आने वाले दिनों में बड़े खुलासे हो सकते हैं.