प्यास से बिलखते बच्चे को फ्लाइट में नहीं मिला पानी, अब भरेंगे डेढ़ लाख रुपये का जुर्माना

नई दिल्ली: बच्चों को रोते देख कर तो अच्छे-अच्छे पत्थर दिल भी पिघल जाते हैं। लेकिन दुबई की एक तथाकथित फाइव स्टार एयरलाइंस एमिरेट्स () के क्रू मेंबर नहीं पसीजे। उन्होंने रोते हुए बच्चे को पानी देने से इंकार किया। मामला कंज्यूमर फोरम तक पहुंचा। अब एयरलाइन को डेढ़ लाख रुपये का हर्जाना देना होगा। क्या है कंज्यूमर फोरम का फैसलायह मामला दिल्ली स्टेट कंज्यूमर डिस्प्यूट्स रिड्रेसल कमीशन(DSCDRC) का है। इसे आम आदमी कंज्यूमर फोरम के नाम से जानते हैं। इसमें पिछले दिनों एक मामले आया था। उसमें माना गया कि फ्लाइट में क्रू मेंबर का एक प्यासे रोते हुए बच्चे को पानी देने से इनकार करना एयरलाइन की ओर से अपने यात्रियों को दी जाने वाली ‘सेवा में कमी’ को दिखाता है। कमीशन ने इसके लिए दुबई बेस्ड इस एयरलाइन को निर्देश दिया कि वह पीड़ित को एक लाख रुपये का मुआवजा और 50,000 रुपये वाद खर्च के तौर पर अदा करे।डिस्ट्रिक फोरम के आदेश में हुआ संशोधनज्यूडिशियल मेंबर राजन शर्मा और बिमला कुमारी की बेंच ने जिला उपभोक्ता मंच के मामले में पारित 2017 के आदेश में संशोधन करते हुए यह फैसला सुनाया। निचली उपभोक्ता अदालत ने क्रू मेंबर द्वारा यात्री के साथ ऐसे बर्ताव के लिए एयरलाइन को सेवा में खामी का दोषी पाया था और पीड़ित परिवार को मुआवजे के तौर पर 20,000 रुपये और मुकदमेबाजी पर खर्चे के लिए 5000 रुपये देने का आदेश दिया था। शिकायतकर्ता ने मुआवजा बढ़ाने की मांग करते हुए कमीशन में अपील दायर की। दलील दी कि निचली अदालत उस शर्म और मानसिक कष्ट को सही तरीके से समझने में नाकाम रहा, जिससे उन्हें और उनके परिवार को घटना के दौरान और उड़ान में अपने बाकी बचे सफर के दौरान गुजरना पड़ा।एयरलाइन ने नहीं दिया कोई जवाबकमीशन ने गौर किया कि प्रतिवादी एयरलाइन ने यहां अपील पर कोई जवाब नहीं दिया। हालांकि, डिस्ट्रिक्ट फोरम के सामने उसकी दलील रही कि अशिष्ट व्यवहार उसके क्रू मेंबर ने नहीं, बल्कि इस यात्री ने उसकी फीमेल क्रू मेंबर के साथ किया था। यह भी कहा कि क्रू मेंबर के साथ अपीलकर्ता को जो भी विवाद हुआ, उसके लिए सीनियर सदस्यों ने यात्री से माफी मांग ली थी। DSCDRC ने मुआवजे की रकम बढ़ाते हुए कहा कि माइनर बच्चे को पानी की बुनियादी जरूरत उपलब्ध नहीं कराने पर क्रू मेंबर के सदस्य के अशिष्ट व्यवहार के कारण अपीलकर्ता और उसके परिवार को जो मानसिक पीड़ा हुई, उसे देखते हुए हमारे विचार से दिए गए मुआवजा को बढ़ाने से न्याय का मकसद पूरा हो जाएगा।इतना वक्त नहीं होताशिकायतकर्ता के मुताबिक, उन्होंने एमिरेट्स एयरलाइंस के जरिए दुबई से अमान की यात्रा के लिए इकोनॉमी क्लास की तीन टिकट बुक कराई थीं। फ्लाइट में उनका तीन साल का बेटा पानी के लिए रोने लगा। लेकिन बरबरा नाम की क्रू मेंबर ने उनके पानी देने के अनुरोध को अनसुना कर दिया। वह गंदे तरीके से बोलीं कि उनेके पास इतना वक्त नहीं होता कि वह हर यात्री को पानी देती रहे। इसके बाद शिकायतकर्ता की उनके साथ झड़प हो गई। दावा किया कि उन्होंने क्रू के सीनियर सदस्यों से भी उसकी शिकायत की।