सिमोना हालेप पर डोपिंग जांच में विफल होने पर अस्थायी प्रतिबंध

दो बार की ग्रैंडस्लैम चैम्पियन सिमोना हालेप को अगस्त में अमेरिकी ओपन के दौरान हुए डोपिंग जांच में विफल होने के बाद अंतरराष्ट्रीय टेनिस इंटीग्रिटी एजेंसी (आईटीआईए) द्वारा अस्थायी रूप से प्रतिबंधित किया गया।
आईटीआईए ने शुक्रवार को पूर्व नंबर एक खिलाड़ी के खिलाफ सजा की घोषणा की।
डब्ल्यूटीए रैंकिंग पर इस समय नौंवे स्थान पर काबिज हालेप ने 2019 में विम्ब्लडन और 2018 में फ्रेंच ओपन खिताब जीता था।
हालेप ने सोशल मीडिया पर डोपिंग में पॉजिटिव आने की खबर को अपनी जिदंगी की सबसे बड़ा झटका करार दिया। उन्होंने साथ ही कहा, ‘‘इस तरह की स्थिति में मैं पूरी तरह से भ्रमित महसूस कर रही हूं कि मेरे साथ धोखा हुआ है। ’’
उन्होंने कहा, ‘‘मैं तब तक यह साबित करने के लिये लड़ूंगी कि मैंने कभी भी जानबझूकर प्रतिबंधित पदार्थ नहीं लिया है। और मुझे पूरा भरोसा है कि आज या कल सच सबके सामने आयेगा। ’’
रोमानिया की 31 साल की इस खिलाड़ी ने सितंबर में घोषणा की थी कि वह नाक की सर्जरी के कारण बाकी के सत्र में नहीं खेलेंगी और आराम लेंगी।
आईटीआईए ने कहा कि हालेप प्रतिबंधित पदार्थ रोक्साडुस्टैट की पॉजिटिव आयी हैं जिसे किडनी की बीमारी में इस्तेमाल किया जाता है।
विश्व डोपिंग रोधी संहिता के अंतर्गत हालेप पर ‘रोक्साडुस्टैट’ जैसे पदार्थ के पॉजिटिव आने के लिये चार साल का प्रतिबंध लग सकता है।
हालेप ने लिखा, ‘‘आज मेरी जिंदगी का सबसे मुश्किल मैच शुरू होता है कि सच्चाई के लिये लड़ो।