कुर्सी छोड़ जमीन पर बैठीं, लिया ये प्रण… महिला सरपंच का अनोखा प्रदर्शन

कोल्हापुर: सांगली जिले की एक निर्वाचित सरपंच ने अपने गांव में शराब की अवैध बिक्री के खिलाफ एक अनूठा विरोध शुरू किया है। शिराला तहसील के सागांव गांव में पिछले लंबे समय से शराब बेचने पर प्रतिबंध है। लेकिन इसके बावजूद शराब की लगातार अवैध बिक्री हो रही है। इसी के विरोध में गांव की अस्मिता पाटिल कुछ दिनों से जमीन पर बैठी हैं और रोजमर्रा का काम कर रही हैं। उनका मानना है कि उनके लिए कुर्सी पर बैठना तभी उचित है जब वह अधिकारियों को अपनी बात सुना सकें।अधिकारियों को कई पत्र लिखे: महिला सरपंचसरपंच अस्मिता पाटिल का कहना है कि मैंने पुलिस के साथ-साथ आबकारी और राजस्व विभाग के अधिकारियों को कई पत्र लिखे हैं, उनसे मेरे गांव में अवैध शराब की बिक्री को रोकने के लिए कहा है। मेरा गांव राज्य में सबसे पहले देशी शराब की बिक्री पर प्रतिबंध लगाने वालों में से एक था।महिला सरपंच ने चुनाव में किया था ये वादामहिला सरपंच ने कहा कि अपने चुनाव अभियान में, उन्होंने अवैध शराब की बिक्री से छुटकारा पाने का वादा किया था और कई महिला मतदाताओं का समर्थन हासिल किया था। गांव की महिलाओं को अभियान पर हस्ताक्षर कर कलेक्टर को सौंपकर शराब बिक्री रोकने का अधिकार है।