तेज बारिश और तबाही: मानसून को लेकर वैज्ञानिक भी हैरान, दिल्ली से बंगाल तक वेदर अपडेट जानिए

नई दिल्ली: देश में इस बार मानसून की गति असामान्य है। कई राज्यों में मानसून समय से दो सप्ताह तक पीछे था। खासकर ऐसे राज्य जहां के अधिकांश किसान खेती के लिए बारिश पर निर्भर हैं। अचानक से इसमें बदलाव आता है और 25 जून को तेजी से मानसून देश के लगभग सभी राज्यों को कवर कर लेता है। इसका नतीजा यह हुआ कि कुछ राज्यों में तय समय से पहले ही मानसून पहुंच गया। इसमें दिल्ली भी शामिल है। मानसून की एंट्री के साथ ही देश के कई राज्यों में तेज बारिश हो रही है। हिमाचल में भारी बारिश ने तबाही मचाई है। भूस्खलन और बादल फटने से कुछ लोगों की जान भी चली गई है। दो दिन पहले तक जहां कई राज्यों में बारिश का इंतजार हो रहा था तो वहीं अचानक इतनी बारिश हो रही कि लोगों के इस पर हैरानी हो रही है। मानसून की इस असामान्य चाल के पीछे क्या बिपरजॉय का कोई रोल है। मौसम विभाग के अनुसार चक्रवाती तूफान बिपरजॉय ने साउथ इंडिया और उसकी सीमा से लगे राज्यों में मानसून को प्रभावित किया। चक्रवाती तूफान ने अधिकतम नमी सोख ली इसलिए पश्चिमी तट के पास मानसून की गति धीमी हो गई। हालांकि 23 जून के बाद अचानक तेजी आई। 23 जून तक मानसून की उत्तरी सीमा (NLM) केवल प्रायद्वीपीय और पूर्वी भारत के हिस्से को कवर किया था लेकिन 25 जून को इसने लगभग पूरे देश को कवर कर लिया। दिल्ली-मुंबई में एक साथ मानसून की दस्तक हुई यह भी दुर्लभ संयोग था। उसके बाद देर शाम मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में तेज बारिश हुई। इसके साथ ही सोमवार हिमाचल में बारिश ने तबाही ही मचा दी। मध्य प्रदेश में तेज बारिश, IMD ने जारी किया अलर्टमध्य प्रदेश के आठ जिलों में अगले 24 घंटों में भारी और बहुत भारी बारिश के चलते ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। वहीं 22 जिलों में मूसलाधार बारिश के लिए यलो अलर्ट जारी किया है। IMD की ओर से जारी पूर्वानुमान के अनुसार मध्य प्रदेश के नरसिंहपुर जिले में अगले 24 घंटों में (सोमवार सुबह साढ़े आठ बजे से मंगलवार सुबह साढ़े आठ बजे तक) कहीं-कहीं पर अत्यधिक बारिश (205.4 मिलीमीटर से अधिक) बारिश होने की संभावना है। वहीं प्रदेश के सात जिलों बुरहानपुर, सागर, छिंदवाड़ा, सिवनी, नर्मदापुरम, बैतूल और हरदा में अगले 24 घंटों में (सोमवार सुबह साढ़े आठ बजे से मंगलवार सुबह साढ़े आठ बजे तक) कहीं-कहीं पर बहुत भारी बारिश (115.6 मिलीमीटर से 204.4 मिलीमीटर तक) मद्देनजर ऑरेंज अलर्ट जारी किया है।यूपी में मानसून की एंट्री, बिहार में अब भी तेज बारिश का इंतजारयूपी में मानसून की एंट्री हो गई है और पूरी तरह सक्रिय हो चुका है। पश्चिमी यूपी और मध्य हिस्से सहित पूरे प्रदेश में सभी जगहों पर हल्की से मध्यम बारिश हुई। 1 जुलाई को प्रदेश के कई जिलों तेज बारिश की संभावना जताई गई है। यूपी में अगले 7 दिनों तक बारिश की संभावना है। बिहार में मानसून की एंट्री हो गई है लेकिन अब तक तेज बारिश नहीं हुई है। मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश के 17 जिलों में हल्की बारिश की संभावना है। प्रदेश के कई जिलों में लोग अब भी उमस भरी गर्मी से परेशान हैं। हिमाचल में बादल फटने से मची तबाही, तेज बारिशहिमाचल प्रदेश के सोलन में रविवार को बादल फटने से अचानक बाढ़ आ गई, जबकि शिमला, मंडी और कुल्लू जिलों में भारी बारिश के कारण घरों में पानी भर गया। बाढ़ और भारी बारिश के कारण फसलों को नुकसान पहुंचा और वाहन भी क्षतिग्रस्त हुए हैं। कई जगहों पर बिजली की आपूर्ति बाधित हो गई। मंडी जिले के औट में भीषण बारिश से अचानक आई बाढ़ और भूस्खलन के कारण चंडीगढ़-मनाली राजमार्ग पर सैकड़ों यात्री फंस गए। बाढ़ के कारण यात्री रविवार शाम से फंसे हुए हैं। मंडी प्रशासन के अधिकारियों ने कहा कि मरम्मत का कार्य जारी है और मार्ग से बड़े पत्थरों को हटाने के लिए विस्फोटकों का इस्तेमाल किया जा रहा है। अधिकारियों ने सलाह दी है कि सड़क खुलने से पहले मंडी की ओर यात्रा ना करें।पश्चिम बंगाल में अगले दो दिन होगी भारी बारिश ओडिशा और दक्षिणी झारखंड में कम दबाव वाला क्षेत्र बनने से पश्चिम बंगाल के तटीय जिलों में अगले दो दिन भारी बारिश हो सकती है। मौसम विभाग ने सोमवार को यह अनुमान जताया। दक्षिण बंगाल और उप हिमालयी क्षेत्र के अधिकतर भागों में रविवार को सुबह से ही बारिश होने लगी। मौसम विभाग ने आगामी दो दिनों के लिए जारी पूर्वानुमान में कहा कि कम दबाव के क्षेत्र के कारण दक्षिणी एवं उत्तरी 24 परगना, पूर्व एवं पश्चिम मेदिनीपुर और झाड़ग्राम में भारी बारिश हो सकती है। विभाग ने कहा कि उत्तरी अंदरूनी ओडिशा और झारखंड के ऊपर कम दबाव का क्षेत्र बना हुआ है जो छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश की ओर बढ़ सकता है। मौसम विभाग ने कहा कि पश्चिम बंगाल के अधिकतर इलाकों में आगामी दो दिनों तक हल्की से मध्यम बारिश होगी। कोलकाता और इसके आसपास के इलाकों में गर्म और उमस भरे मौसम के बाद बारिश होने से नागरिकों को राहत मिली। असम में लगातार बारिश हो रही है।दिल्ली-मुंबई में मानसून की एक साथ दस्तक, हरियाणा में तेज बारिश62 साल बाद दिल्ली और मुंबई में मानसून ने एकसाथ दस्तक दी। इससे पहले 21 जून 1961 को मानसून इन दोनों शहरों में एक साथ पहुंचा था। दिल्ली में मानसून पहुंचने की तारीख 27 जून है और इस तरह यह दो दिन पहले दिल्ली पहुंचा है। वहीं मुंबई में यह करीब दो हफ्ते लेट रहा है। पंजाब और हरियाणा के विभिन्न हिस्सों में बीते 24 घंटों में बारिश हुई। मौसम विभाग ने सोमवार को यह जानकारी दी। मौसम विभाग की एक रिपोर्ट के अनुसार, बीते 24 घंटों में हरियाणा के रोहतक में 96.3 मिलीमीटर बारिश हुई। वहीं नारनौल में 24 मिलीमीटर, करनाल में 22.1 मिलीमीटर, कुरुक्षेत्र में 19.5 मिलीमीटर, गुरुग्राम में 9.5 मिलीमीटर, अम्बाला में 7.4 मिलीमीटर, सिरसा में 4.9 मिलीमीटर और भिवानी में 1.7 मिलीमीटर बारिश हुई।