Mumbai में आज अटल सेतु का उद्घाटन करेंगे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, जानें इसकी खासियत

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार 12 फरवरी को महाराष्ट्र के दौरे पर रहेंगे। इस दौरान वह महाराष्ट्र राज्य को कई सौगातें देने वाले हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दोपहर 12:15 बजे नासिक का दौरा करेंगे जहां वो 27वें राष्ट्रीय युवा महोत्सव का आगाज करेंगे। इसके बाद दोपहर में उन्हें 3:30 बजे अटल बिहारी वाजपेयी सेवारी-न्हावा शेवा अटल सेतु का उद्घाटन मुंबई में करना है। इस कार्यक्रम में शामिल होने के बाद प्रधानमंत्री मुंबई में ही कई विकास परियोजनाओं की सौगात भी देंगे। जानें अटल बिहारी सेतु की खासियतमुंबई ट्रांसहार्बर लिंक का नाम बदलकर अब अटल सेतु रखा गया है जिसका प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज उद्घाटन करने वाले है। इस पुल का शिलान्यास प्रधानमंत्री ने वर्ष 2016 में किया था, जो अब तैयार हो गया है। इस सेतु के निर्माण में 17,840 करोड रुपए की लागत आई है। यह पुल छह लेन का है जिसकी कुल लंबाई 21.8 किलोमीटर की है। यह पुल बेहद खास है जिसमें से 16.5 किलोमीटर हिस्सा समुद्र पर और शेष पुल जमीन पर बना हुआ है। इस पुल की खासियत है कि ये समुद्र पर बना देश का सबसे लंबा पुल है। इस पुल की मदद से ही मुंबई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे और नवी मुंबई अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे को जोड़ा जाएगा। इस सेतु की शुरुआत होने से पुणे, गोवा और दक्षिण भारत की यात्रा में लगने वाला समय कम होगा। अटल सेतु को आज से ही आम जनता के लिए भी खोल दिया जाएगा। – अटल सेतु के जरिए मुंबई और नवी मुंबई के बीच की दूरी काफी घट जाएगी। पहले मुंबई और अटल सेतु के बीच सफर करने में 2 घंटे का समय लगता था जो अब महेश 20 मिनट में पूरा हो सकेगा। – इस सेतु के निर्माण में 177,903 मीट्रिक टन स्टील और 504,253 मीट्रिक टन सीमेंट उपयोग हुआ है। इस सेतु के निर्माण में 18,000 करोड़ रुपये की लागत आई है। इस सेतु पर रोजाना 70 हजार वाहन चल सकेंगे। संभावना है कि ये सेतु बिना नुकसान के 100 वर्षों तक टिका रह सकता है। – अटल सेतु पर चलने वाले वाहन चालकों के लिए खास नियम भी बनाए गए है। यहां गाड़ी चलाने वाले ड्राइवर अधिकतम 100 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से यात्रा कर सकेंगे। इस ब्रिज पर भारी वाहन, बाइक, ऑटो रिक्शा और ट्रैक्टर चलाने की अनुमति नहीं दी गई है।  – इस सेतु पर मॉनसून के दौरान आने वाली तेज गति की हवाओं का सामना करने के लिए भी गाड़ी चालकों के लिए विशेष व्यवस्था की गई है। इसके तहत लाइटिंग पोल लगाए गए है। बिजली से संभावित क्षति से बचाने के लिए भी लाइटिंग प्रोटेक्शन सिस्टम सेतु पर लगाया गया है। इन परियोजनाओं की भी देंगे सौगातप्रधानमंत्री मोदी ‘ईस्टर्न फ्रीवेज ऑरेंज गेट’ को मरीन ड्राइव से जोड़ने वाली सड़क सुरंग की आधारशिला भी रखेंगे। 9.2 किलोमीटर लंबी सुरंग 8,700 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से बनाई जाएगी और यह मुंबई में एक महत्वपूर्ण बुनियादी ढांचा विकास होगा। वह सूर्या क्षेत्रीय पेयजल परियोजना के पहले चरण को भी राष्ट्र को समर्पित करेंगे। 1,975 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से विकसित यह परियोजना महाराष्ट्र के पालघर और ठाणे जिलों को पेयजल आपूर्ति प्रदान करेगी, जिससे लगभग 14 लाख लोगों को लाभ होगा।  मोदी कई रेल परियोजनाओं का भी शुभारंभ करेंगे। वह ‘सांताक्रूज इलेक्ट्रॉनिक एक्सपोर्ट प्रोसेसिंग जोन’- विशेष आर्थिक क्षेत्र (एसईईपीजेड एसईजेड) के लिए भारत रत्नम (मेगा कॉमन फैसिलिटेशन सेंटर) का उद्घाटन करेंगे। इसमें विशेष रूप से विकलांग छात्रों सहित इस क्षेत्र के कार्यबल के कौशल विकास के लिए एक प्रशिक्षण स्कूल होगा। ‘मेगा कॉमन फैसिलिटेशन सेंटर’ रत्न और आभूषण व्यापार में निर्यात क्षेत्र को बदलेगा और घरेलू विनिर्माण को भी मदद करेगा।