PM मोदी ने Boeing के ग्लोबल टेक्नोलॉजी सेंटर कैंपस का किया उद्घाटन, बोले- एविएशन मार्केट को मिलेगी नई ताकत

प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने बेंगलुरु, कर्नाटक में नए बोइंग इंडिया इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी सेंटर (BIETC) परिसर का उद्घाटन किया। इस दौरान सीएम सिद्धारमैया भी मौजूद रहे। प्रधानमंत्री ने कहा कि बेंगलुरु वह शहर है जो आकांक्षाओं को नवाचारों और उपलब्धियों से जोड़ता है। यह वह शहर है जो भारत की तकनीकी क्षमता को वैश्विक मांगों से जोड़ता है। बोइंग का यह नया ग्लोबल टेक्नोलॉजी सेंटर बेंगलुरु की पहचान को मजबूत करेगा। उन्होंने काह कि ये अमेरिका से बाहर बोइंग कंपनी की सबसे बड़ी फैसीलिटी होगी। इसलिए ये भारत ही नहीं, पूरी दुनिया के एविएशन मार्केट को एक नई ताकत देने वाली है। इसे भी पढ़ें: नेहरू ने राजेंद्र प्रसाद को Somnath Mandir जाने से क्यों रोका था, आखिर अब क्यों उठ रहा मामला? मोदी ने कहा कि यह कैंपस ‘मेक इन इंडिया, मेक फॉर द वर्ल्ड’ के संकल्प को बढ़ावा देता है। ये कैंपस, भारत की प्रतिभा को दुनिया की प्रतिष्ठा को भी मजबूत करेगा। आज का ये दिन इस बात को भी सेलिब्रेट करता है कि एक दिन भारत इस सुविधा में एयरक्राफ्ट ऑफ द फ्यूचर को भी डिजाइन करेगा। उन्होंने कहा कि एविएशन और एयरोस्पेस सेक्टर में भी हम महिलाओं के लिए नए अवसर बनाने में जुटे हैं। चाहे फाइटर पायलट हों या सिविल एविएशन हो… आज भारत महिला पायलट के मामले में लीड कर रहा है। आज भारत के पायलट में से 15 प्रतिशत महिला पायलटहैं। ये ग्लोबल एवरेज से तीन गुना ज्यादा है। इसे भी पढ़ें: Prajatantra: 131 सीट और हिंदुत्व कार्ड, दक्षिण में BJP का प्लान जमीन पर उतारने में जुटे PM मोदीप्रधानमंत्री ने कहा कि आज भारत का चंद्रयान-3 वहां पहुंचा, जहां कोई देश नहीं पहुंच पाया। इस सफलता ने देश के नौजवानों में वैज्ञानिक स्वभाव को एक नई ऊंचाई पर पहुंचा दिया है। उन्होंने कहा कि पिछले साल कर्नाटक में एशिया की सबसे बड़ी हेलीकॉप्टर निर्माण सुविधा का उद्घाटन किया गया था। कर्नाटक एक बड़े विमानन केंद्र के रूप में उभर रहा है। युवाओं के लिए यह अच्छी खबर है क्योंकि इस सुविधा से उन्हें विमानन क्षेत्र से जुड़े विभिन्न कौशल में प्रशिक्षण प्राप्त करने का मौका मिलेगा। हमारा प्रयास है कि हर क्षेत्र में महिलाओं की भागीदारी बढ़े। यह महिला नेतृत्व वाले विकास का समय है। विमानन और एयरोस्पेस क्षेत्रों में हम महिलाओं के लिए नए रास्ते बनाने का प्रयास करते हैं।