रूस से तेल खरीदने को तैयार पाकिस्तान, विदेश मंत्री बोले- लेकिन भारत के….

अमेरिका के आधिकारिक दौरे पर गए पाकिस्तान के नवनियुक्त वित्त मंत्री इशाक डार ने कहा है कि पाकिस्तान रूस से उसी रेट पर ईंधन खरीदने को तौयार है जिस रेट पर भारत को उपलब्ध काराया जा रहा है. मीडियाकर्मियों के साथ बातचीत करते हुए, मंत्री ने यह भी कहा कि पाकिस्तान में विनाशकारी बाढ़ के कारण हुई कठिनाई के कारण पश्चिम को भी रियायती ईंधन के आयात में कोई समस्या नहीं होगी.
द न्यूज की रिपोर्ट के मुताबिक इशाक डार ने कहा, “मैंने वाशिंगटन में अपने 4 दिवसीय दौरे के दौरान अंतरराष्ट्रीय वित्तीय संस्थानों, अमेरिका, सऊदी अरब और अन्य देशों के अधिकारियों के प्रमुखों के साथ 58 बैठकें की हैं.”
”बाढ़ के चलते पाकिस्तान को 32.40 अरब डॉलर का नुकसान”
पाकिस्तान में बाढ़ पर चर्चा के लिए आयोजित एक राउंडटेबल कॉन्फ्रेंस में, पाकिस्तान के वित्त मंत्री ने कहा कि संयुक्त राष्ट्र विकास कार्यक्रम, एशियाई विकास बैंक और विश्व बैंक के अधिकारियों ने वहां एक संयुक्त रिपोर्ट प्रस्तुत की. पाक मंत्री ने रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा, “बाढ़ के कारण पाकिस्तान को 32.40 अरब डॉलर का नुकसान हुआ है. पाकिस्तान को पुनर्वास कार्य के लिए 16 अरब डॉलर से अधिक की जरूरत है.”
एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, पाकिस्तान पर खाद्य संकट का खतरा मंडरा रहा है क्योंकि आगामी रबी सीजन में गेहूं का उत्पादन कम लाभ मार्जिन के कारण कम होने की उम्मीद है जो किसानों को वैकल्पिक फसलों की तलाश करने के लिए मजबूर कर रहा है. ऐसे में पूरे देश में विनाशकारी बाढ़ से बुरी तरह प्रभावित पाकिस्तान अब यूक्रेन में जारी संघर्ष के बीच प्रतिबंधों से प्रभावित रूस से गेहूं खरीदने की योजना बना रहा है.
मॉस्को में पाकिस्तानी राजदूत शफकत अली खान ने समाचार एजेंसी TASS से कहा, हम रूस से गेहूं खरीदना चाहते हैं. उन्होंने कहा, जब खाद्य संकट के बीच खाद्य आपूर्ति की बात आती है तो वे रूस को एक लॉन्ग टर्म और स्थिर पार्टनर के रूप में देखते हैं. उन्होंने कहा, ”…रूस हमारे लिए एक नए आपूर्तिकर्ता के रूप में उभरा है. जब हमारे लिए खाद्य आपूर्ति की बात आती है तो हम रूस को एक दीर्घकालिक, स्थिर भागीदार के रूप में देखते हैं.”