मुंबई के सात रेलवे स्टेशनों के बदलेंगे नाम, मरीन लाइंस अब होगा मुंबा देवी, यहां देखें पूरी लिस्ट

मुंबई: मध्य, पश्चिम और हार्बर लाइन रेलवे के सात स्टेशनों के नाम बदलने का प्रस्ताव विधानमंडल के दोनों सदनों ने मंजूर कर दिया है। दोनों सदनों की मंजूरी मिलने के बाद अब राज्य की महायुति सरकार यह प्रस्ताव केंद्र सरकार की स्वीकृति के लिए भेजेगी। गौरतलब है कि कुछ स्टेशनों के नाम बदलने की मांग दक्षिण-मध्य मुंबई के तत्कालीन सांसद राहुल शेवाले ने की थी। इसी साल मार्च में स्टेशनों के नाम बदलने का प्रस्ताव मंत्रिमंडल में रखा गया था, जिसे वहां से पहले ही मंजूरी मिल गई थी। मंगलवार को स्टेशनों के नाम बदलने का प्रस्ताव विधानसभा और विधान परिषद में रखा गया, जिसे सर्वसम्मति ने पारित कर दिया दिया गया। विधान परिषद और विधानसभा में मंत्री दादा भुसे ने यह प्रस्ताव पेश किया।मुंबई में रेलवे स्टेशनों के नाम पहले भी बदले गए हैं। ऐतिहासिक स्टेशन विक्टोरिया टर्मिनस का नाम बदलकर छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस और एलफिंस्टन रोड का नाम बदलकर प्रभादेवी किया गया है। उसके बाद ही मुंबई के कई स्टेशनों के अंग्रेजी नाम बदलने की मांग लगातार की जाती रही है। नाम बदलने के पीछे तर्क दिया गया था कि ये नाम औपनिवेशिक विरासत को दर्शाते हैं, इसलिए इनके नाम बदल देने चाहिए। दोनों सदनों में रखे गए प्रस्ताव के अनुसार, करी रोड स्टेशन का नाम बदलकर लालबाग, सैंडहर्स्ट रोड स्टेशन का डोंगरी, मरीन लाइंस का मुंबादेवी, चर्नी रोड का गिरगांव, कॉटन ग्रीन स्टेशन का नाम कालाचौकी, डॉकयार्ड रोड का मझगांव और किंग्स सर्कल का नाम बदलकर तीर्थंकर पार्श्वनाथ किया जाएगा। सैंडहर्स्ट रोड का नाम मध्य लाइन के साथ ही हार्बर लाइन पर भी बदला जाएगा।यहां देखें पूरी लिस्टवर्तमान नामनया नामकरी रोड लाल बागसैंडहर्स्ट रोड डोंगरीमरीन लाइंस मुंबा देवीचर्नी रोड गिरगांवकॉटन ग्रीन कलाचौकीडॉकयार्ड रोड मझगांवकिंग्स सर्कल तीर्थंकर पार्श्वनाथहवाई अड्डे का नाम बदलने का मामला उठायानाम बदलने के प्रस्ताव पर विधान परिषद में विपक्ष के नेता अंबादास दानवे ने छत्रपति संभाजीनगर शहर के हवाई अड्डे का नाम बदलने का मामला उठाया। उन्होंने कहा कि इस हवाई अड्डे को अब भी औरंगाबाद हवाई अड्डा कहा जाता है। उपाध्यक्ष नीलम गोरहे ने यह कहते हुए चर्चा के लिए दानवे की मांग ठुकरा दी कि संबंधित मंत्री उनके इस सवाल पर बाद में जवाब दे सकते हैं। महाराष्ट्र सरकार ने पहले भी मराठवाड़ा क्षेत्र में औरंगाबाद और उस्मानाबाद जिलों का नाम बदलकर क्रमश: संभाजीनगर और धाराशिव किया था।