मालदीव ने यूं ही नहीं निकाले 3 बदजुबान मंत्री, जानिए भारत ने दबाई है कौन सी वह कमजोर नस!

नई दिल्ली: मालदीव के कुछ मंत्रियों ने भारत सरकार और पीएम मोदी के बारे में पिछले दिनों कुछ अपमानजनक टिप्पणी की थी। इसके बाद हालांकि मालदीव सरकार ने रविवार को ही उन मंत्रियों को निलंबित कर दिया। लेकिन मालदीव के मंत्रियों की करतूत के बाद भारत में जो कुछ हो रहा है, उससे वहां की इकॉनमी को महंगा पड़ने वाला है। भारत की एक बड़े ऑनलाइन ट्रेवल एजेंट ने मालदीव की सभी फ्लाइट्स की बुकिंग (Flight Booking) को सस्पेंड कर दिया है। भारत के बड़े-बड़े लोग उसकी भर्त्सना कर रहे हैं। ऐसे में भारतीय पर्यटकों ने मालदीव की तरफ जाना छोड़ दिया तो उनकी इकॉनमी को महंगा पड़ना तय है, क्योंकि वहां सबसे ज्यादा विदशी पर्यटक भारत से ही पहुंचते हैं।ईज माई ट्रिप ने सस्पेंड कर दी बुकिंगदेश की अग्रणी ऑनलाइन ट्रेवल एजेंसी ईज माई ट्रिप (EaseMyTrip) के को-फाउंडर और सीईओ निशांत पिट्टी ने ट्वीट किया है , “हमारे देश के साथ एकजुटता दिखाते हुए @EasMyTrip ने मालदीव की सभी उड़ानों की बुकिंग निलंबित कर दी है।” माना जा रहा है कि देश की सबसे बड़ी ऑनलाइन ट्रेवल एजेंसी मेक माई ट्रिप समेत अन्य एजेंसियां भी इसी तरह की घोषणा कर सकती है। भारतीय कारोबारी कर रहे हैं भर्त्सनासीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (एसआईआई) के सीईओ अदार पूनावाला लिखते हैं “हमारे देश में अकल्पनीय क्षमता वाले कई शानदार पर्यटन स्थल हैं; जिनका अभी तक पूरी तरह से पता नहीं लगाया गया है। क्या आप में से कोई भी सिर्फ मेरे द्वारा पोस्ट की गई तस्वीरों से इस भारतीय पर्यटक स्वर्ग का अनुमान लगा सकता है?”भारत में भी मिलती है लग्जरी सेवाएडलवाइस म्यूचुअल फंड की एमडी और सीईओ राधिका गुप्ता ने एक्स या ट्वीटर पर पोस्ट किया है “मैं भारतीय पर्यटन की संभावनाओं को लेकर जुनूनी हूं। इसका उत्तर (1) बुनियादी ढांचा और (2) विपणन है। पीएम की हालिया यात्रा ने इन स्थलों पर प्रकाश डाला है। हमारे होटल ब्रांडों ने हमें बार-बार साबित किया है कि लग्जरीयुक्त सेवा कैसे दी जाती है। आइए एक विश्व स्तरीय पर्यटन अनुभव के लिए भारतीय आतिथ्य का सबसे अच्छा उपयोग करें।”क्यों भारतीय महत्वपूर्ण है मालदीव के लिएमालदीव की टूरिज्म मिनिस्ट्री के आंकड़ों के अनुसार कैलेंडर साल 2023 के दौरान कुल 17.58 लाख विदेशी पर्यटकों ने वहां का भ्रमण किया। उनमें से सबसे ज्यादा भारतीय पर्यटक थे। इसके बाद रूसी पर्यटक का स्थान है। पिछले साल 13 दिसंबर तक कुल 2,09,198 भारतीय पर्यटकों ने मालदीव का भ्रमण किया जबकि वहां इसी तारीख तक 2,09,146 रूसी पर्यटक पहुंचे थे। तीसरे स्थान पर चीन था जिसके 1,87,118 पर्यटकों ने मालदीव का भ्रमण किया था। अब यदि भारतीय पर्यटक वहां पहुंचना रोक देते हैं तो आप समझ सकते हैं कि वहां की इकॉनमी पर कितना असर पड़ेगा।