नीतीश से मिलने पहुंचे लालू, बदलते राजनीतिक घटनाक्रम के बीच बंद कमरे में क्या हुई बात?

पटनाः राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) प्रमुख अपने पुत्र के साथ शुक्रवार को मुख्यमंत्री से मिलने एक अणे मार्ग पहुंचे। बिहार में तेजी से बदल रहे राजनीतिक घटनाक्रम को देखते हुए इस मुलाकात को काफी अहम माना जा रहा है। इस मुलाकात के पीछे बदल रहे राजनीतिक समीकरण पर चर्चा संभव है। इससे पहले इन तीनों नेताओं की मुलाकात 15 जनवरी को राबड़ी आवास में हुई थी। उस दौरान लालू और नीतीश एक-दूसरे के आमने-सामने करीब 90 दिन बाद आए थे। इन तीन महीने के अंतराल के दौरान के रिश्तों में खटास को लेकर खूब चर्चा हुई। शुक्रवार को करीब 30 मिनट से ज्यादा समय तक इन तीनों नेताओं के बीच बातचीत हुई है। लोकसभा चुनाव में सीटों के बंटवारे के बीच चर्चालालू-नीतीश कुमार के बीच लोकसभा चुनाव 2024 के पहले सीटों के बंटवारे को लेकर चर्चा होने की बात कही जा रही है। बताया जा रहा है कि सीएम नीतीश कुमार चाहते है कि सीट शेयरिंग का मुद्दा जल्द सुलझा लिया जाए, वहीं लालू यादव का कहना है कि इसे लेकर कोई जल्दबाजी नहीं है। बिहार की सियासत में होगा कुछ बड़ा बदलाव!सीएम नीतीश कुमार से लालू प्रसाद यादव और तेजस्वी यादव के मुलाकात के पहले से ही बिहार की सियासत में किसी बड़े बदलाव की चर्चा हो रही है। जेडीयू के एनडीए में पुनर्वापसी की चर्चा के बीच लालू प्रसाद यादव के नीतीश कुमार से मुलाकात को राजनीतिक दृष्टिकोण से काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। नीतीश कुमार पर अमित शाह के बयान के बाद बढ़ी हलचलदरअसल बीजेपी के वरिष्ठ नेता अमित शाह की ओर से एक साक्षात्कार में नीतीश कुमार को लेकर दिए गए बयान से राजनीतिक हलचल बढ़ गई है। अमित शाह से पूछे गए सवाल कि- नीतीश कुमार जैसे पुराने साथी जो छोड़कर गए थे, ये आना चाहेंगे तो क्या रास्ते खुले हैं? इस पर अमित शाह ने कहा था कि जो और तो से राजनीति में बात नहीं होती। किसी का प्रस्ताव होगा तो विचार किया जाएगा।