Jeen Mata Mandir: जीण माता के चमत्कार से हार गया था औरंगजेब, माफी मांग हर महीने भेजता था तेल

भारत में देवी मां के कई चमत्कारी और अद्भुत मंदिर हैं। इनमें से राजस्थान के सीकर जिले में स्थित जीण माता का मंदिर अपना विशेष महत्व रखता है। जीणा माता को देवी दुर्गा का अवतार माना जाता है। आज हम आपको इस मंदिर के चमत्कार के बारे में जानकारी देने जा रहे हैं। सीकर जिले के घंघू गांव में स्थित जिना माता मंदिर लोगों की आस्था का प्रमुख केंद्र है। कहा जाता है कि इस मंदिर में मां से मांगी गई जीत की दुआ जरूर पूरी होती है।इसे भी पढ़ें: गणपति मंदिर का कर देंगे निर्माण… राज ठाकरे के अल्टीमेटम के बाद बुल्डोजर एक्शन, तोड़ी गई मुंबई की ‘अवैध दरगाह’इस कारण यहां साल भर भक्तों का जमावड़ा लगा रहता है। करीब 1000 साल पुराना यह मंदिर घने जंगल से घिरा हुआ है। इस मंदिर में विशाल संगमरमर का शिवलिंग और नंदी की मूर्ति स्थापित है। इस मंदिर के बारे में कहा जाता है कि मुगल बादशाह औरंगजेब ने इसे गिराने के लिए सैनिकों को भेजा था। जीण माता ने मधुमक्खियों के रूप में आकर मंदिर की रक्षा की। मुधमक्खियों के आक्रमण से मुगल सेना भाग खड़ी हुई और जीणमाता मंदिर सुरक्षित रहा। कहा जाता है कि इस घटना के बाद मुगल बादशाह औरंगजेब ने जीण माता से माफी मांगी। तभी से लोगों की मंदिर के प्रति आस्था और बढ़ गई थी। बाद में औरंगजेब को भी अपनी गलती का एहसास हुआ। इसके बाद उन्होंने हर महीने आधा मन तेल चढ़ाने का वचन लिया था। इस वजह से आपको एक बार इस मंदिर के दर्शन जरूर करने चाहिए।