चुप्प! तुम्हारे बाप की गाड़ी है… देखिए ट्रेन में बिना टिकट पकड़े गए पुलिसवाले से भिड़ गया TTE

नई दिल्ली: हो सकता है ट्रेन में यात्रा करते समय आपने टीटीई को 500 रुपये देकर बर्थ लिया हो। कुछ लोग 100 या 200 रुपये थमा जनरल टिकट लेकर स्लीपर में भी घुसे होंगे। कुछ लोगों की इस बात को लेकर बहस भी हुई होगी। हालांकि सोशल मीडिया पर वायरल एक वीडियो देखकर आपका नजरिया बदल जाएगा। 1.37 मिनट के वीडियो में दिखाई देता है कि कुछ पुलिसवाले ट्रेन में खड़े हैं और एक टीटी उन्हें ललकारते हुए उतरने के लिए कहता है। पूरा मामला बिना टिकट यात्रा का है। ट्रेन चल रही होती है और टीटीई () के कहने पर पुलिस अधिकारी कहता है कि ट्रेन रुकने ही पर हम उतरेंगे। पुलिसवाला धमकी देता है कि गाड़ी के नीचे फेंक दूंगा लेकिन टीटीई बिना डरे अपनी बात पर कायम रहा। आमतौर पर ऐसा देखा जाता है कि जब ट्रेन यूपी से होकर गुजरती है और स्थानीय पुलिसकर्मी वर्दी में यात्रा करते हैं तो टिकट नहीं लेते हैं। कोच में यात्रा कर रहे कई लोगों ने वीडियो बना लिया और अब यह वायरल हो गया है। पुलिसवाला चिल्लाता है तो टीटी कहता है कि हाथ मत लगाना। पुलिस अधिकारी ‘चुप’ कहता है तो टीटी उससे ज्यादा तेज आवाज में ‘चुप्पपपपप’ कहता है। आगे पुलिसवाला कहता है कि अभी धकेल देंगे…गाड़ी के नीचे फेंक दूंगा। टीटी कहता है कि वीडियो बन रहा है फेंक दो। पुलिसवाला आगे टीटी को बदतमीज कहता है। आगे क्या हुआ पढ़िए।पुलिसवाला- तुम्हारे बाप की गाड़ी है।टीटी- तुम हाथ उठाओगे… तुम्हारे बाप की गाड़ी है क्या बिना टिकट यात्रा कर रहे हो। (वायरल वीडियो देखने से यह नहीं पता चलता है कि किसी ने हाथ उठाया हो)पुलिसवाला- हां बिल्कुल है। टीटीई गाली देता है। इसके बाद दोनों एक दूसरे को झापड़ मारने के अंदाज में हाथ दिखाते हैं। एक अन्य पुलिसकर्मी- गंदी बात न करो। (टीटी को छूते हुए) औरतें भी बैठी हैं। दोनों एक दूसरे को बदतमीज कहते हैं। पुलिसकर्मी कहते हैं, ‘आइए, आइए सर आप आगे आइए।’पुलिसवाला- तुम्हारे बाप की गाड़ी है? टीटीई- यह मेरी ड्यूटी है। यह मेरे रेल विभाग की गाड़ी है। मेरे बाप पर मत चढ़ो। आप खुद गलत हो। ट्विटर पर वीडियो वायरल होने के बाद लोग रेल मंत्री और यूपी पुलिस को टैग कर रहे हैं। वर्दी से साफ है कि पुलिसकर्मी यूपी पुलिस के हैं। सोशल मीडिया पर टीटीई के साहस की प्रशंसा की जा रही है और लोग पुलिस के रवैये की आलोचना कर रहे हैं। RPF ने बताया है कि आवश्यक कार्रवाई के लिए मामले को संबंधित अधिकारियों के पास भेज दिया गया है।