गाजियाबाद से दिल्ली आने-जाने वालों के लिए गुड न्यूज, मेट्रो-RRTS की जोड़ी आपका बहुत टाइम बचाइएगी, जानिए कैसे

नई दिल्ली : गाजियाबाद से दिल्ली-नोएडा आने जाने वाले लोगों के लिए गुड न्यूज है। दिल्ली से मेरठ के बीच चलने जा री रैपिड रेल ट्रांजिट सिस्टम (RRTS) और की जोड़ी यह करने जा रही है। यात्रियों की सुविधा और आराम के लिए आरआरटीएस के दिल्ली-मेरठ रूट में चार स्टेशनों को से पास के सभी मेट्रो स्टेशनों से डायरेक्ट कनेक्ट किया जा रहा है। ऐसे में लोगों को आरआरटीएस स्टेशनों से बाहर निकलने की जरूरत ही नहीं होगी। लोग स्टेशन के भीतर से ही पास के मेट्रो स्टेशन के लिए कनेक्टिविटी हासिल कर सकेंगे। इससे लोगों को गर्मी के मौसम में धूप भी नहीं झेलनी होगी। कौन-कौन से मेट्रो स्टेशन होंगे कनेक्टदिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ कॉरिडोर पर, सराय काले खां, न्यू अशोक नगर, आनंद विहार और गाजियाबाद के चार स्टेशनों को निकटतम दिल्ली मेट्रो स्टेशनों से जोड़ा जाएगा। उदाहरण के लिए, सराय काले खां आरआरटीएस स्टेशन को पिंक लाइन मेट्रो स्टेशन और न्यू अशोक नगर आरआरटीएस स्टेशन को दिल्ली मेट्रो की ब्लू लाइन के साथ जोड़ा जाएगा। आनंद विहार स्थित आरआरटीएस स्टेशन को पिंक और ब्लू दोनों लाइनों से जोड़ा जाएगा। जबकि गाजियाबाद आरआरटीएस को दिल्ली मेट्रो की रेड लाइन से जोड़ा जाएगा। इसी तरह, दो अन्य कॉरिडोर- दिल्ली-गुड़गांव-एसएनबी-अलवर और दिल्ली-पानीपत के कुछ आरआरटीएस स्टेशन मेट्रो नेटवर्क से जुड़े रहेंगे। दिल्ली-गुड़गांव-एसएनबी-अलवर कॉरिडोर में चार स्टेशन होंगे जो सराय काले खां, आईएनए, मुनिरका और एरोसिटी में मेट्रो स्टेशनों के साथ लिंक होंगे। दूसरे कॉरिडोर पर, दिल्ली-पानीपत कॉरिडोर पर इंद्रप्रस्थ, कश्मीरी गेट और बुराड़ी में आरआरटीएस स्टेशनों को मेट्रो नेटवर्क के साथ जोड़ा जाएगा। एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशन, एक्सप्रेस-वे से भी कनेक्टिविटीदिल्ली मेट्रो से कनेक्टिविटी के अलावा, अधिकांश आरआरटीएस स्टेशनों को एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशनों, बस टर्मिनलों और एक्सप्रेसवे के साथ भी जोड़ा जाएगा। योजना बेहतर राइडरशिप और दीर्घकालिक स्थिरता के लिए नेटवर्क का एक विशाल नेटवर्क बनाने की है। आरआरटीएस परियोजना को लागू कर रहे राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम (NCRTC) के एक अधिकारी ने कहा कि RRTS स्टेशनों को इस तरह से डिजाइन किया जा रहा है कि यात्री स्टेशन से बाहर निकले बिना ट्रांसपोर्ट के एक साधन से दूसरे साधन में जा सकें। इसे संभव बनाने के लिए लिफ्ट, एस्केलेटर और ओवरब्रिज बनाए जा रहे हैं। यह महिलाओं, बुजुर्गों, बच्चों, शारीरिक रूप से अक्षम लोगों और भारी सामान के साथ यात्रा करने वाले लोगों के लिए विशेष रूप से फायदेमंद होगा। लोगों को कैसे मिलेगा फायदा? इस रूट पर चार स्टेशनों के सीधे मेट्रो स्टेशन से कनेक्ट होने से लोगों को फायदा कैसे होगा। इस बात को इस तरह से समझा जा सकता है। फिलहाल मोहननगर से वैशाली तक मेट्रो नहीं है। ऐसे में रूट के शुरू होने के बाद गाजियाबाद की रेड लाइन कनेक्ट होगी। इसके साथ ही नोएडा साउथ दिल्ली आने वालों को भी फायदा होगा। न्यू अशोक नगर आरआरटीएस स्टेशन पर ही ब्लू मेट्रो मिल जाएगी। इससे दिल्ली और नोएडा पहुंचना आसान हो जाएगा। साथ ही आनंद विहार में ब्लू और पिंक लाइन मिलेगी। इससे साउथ दिल्ली और एम्स के पास पहुंच जाएंगे। यहीं से सीधे दिल्ली के लिए ब्लू लाइन पकड़ सकेंगे। इसके अलावा सराय काले खां को भी पास के मेट्रो स्टेशन से कनेक्ट किया जाएगा। किस रूट पर कब शुरू होगी RRTS सर्विस82 किलोमीटर लंबे दिल्ली-गाजियाबाद-मेरठ का निर्माण जोरों पर है। कॉरिडोर के 2025 में जनता के लिए खुलने की उम्मीद है। हालांकि, साहिबाबाद और दुहाई के बीच 17 किमी का प्राथमिकता खंड इस साल अप्रैल तक चालू होने की उम्मीद है। दूसरे 198 किमी के दिल्ली-गुरुग्राम-एसएनबी-अलवर कॉरिडोर का निर्माण तीन चरणों में किया जाएगा। पहले चरण में दिल्ली में सराय काले खां से एसएनबी अर्बन कॉम्प्लेक्स (शाहजहांपुर-नीमराना-बहरोड़) तक 107 किमी का हिस्सा होगा। दूसरे चरण में शाहजहांपुर, नीमराना और बहरोड़ के बीच सोतानाला (33.3 किमी) तक विस्तारित लाइन दिखाई देगी। अलवर (58 किमी) तक अंतिम विस्तार तीसरे चरण में किया जाएगा। दिल्ली से उत्तर पश्चिम दिशा में निकलते हुए, 103 किलोमीटर लंबा और 17 स्टेशनों वाला दिल्ली-पानीपत कॉरिडोर राजधानी को हरियाणा के मुरथल, गन्नौर, समालखा और पानीपत जैसे शहरों से जोड़ेगा।