MP: स्कूल में पढ़ाते समय महिला टीचर को आया हार्ट अटैक, सैलरी कटने से थी परेशान

एकीकृत माध्यमिक विद्यालय मांगरौल में तैनात टीचर देवमणि भगत 16 मार्च को स्कूल में पढ़ा रही थीं, इसी दौरान अचानक से उनकी तबियत बिगड़ गई और टीचर बेहोश होकर जमीन पर गिर पड़ी. टीचर के साथी स्टाफ ने 108 एम्बुलेंस को फोन लगाकर बुलाया और टीचर को उपचार के लिए बदरवास स्वास्थ्य केंद्र भर्ती कराया गया. परंतु टीचर को कोई स्वास्थ्य लाभ नहीं मिला तो उसे उपचार के लिए गुना ले जाया गया. टीचर को वहां एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है. टीचर की हालत स्थिर बताई जा रही है.

इस संबंध में जब टीचर की बेटी अंजनि भगत से फोन पर बात की गई तो उनका का कहना था कि मां रोजाना स्कूल जाती थीं, बाबजूद इसके उनका वेतन काटे जाने से वह टेंशन में थीं. जब स्कूल के हेड मास्टर घनश्याम जाटव से बात की गई तो उनका कहना था कि टीचर वेतन काटे जाने के बाद से परेशान थी.

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इस संबंध में स्टाफ में भी उन्होंने बात की थी, संभवत: हार्ट अटैक का कारण भी यही रहा हो. खास बात यह है कि टीचर को हार्ट अटैक आने से एक या दो दिन पहले ही उसका वेतन आया था.
स्कूल में होने के बावजूद अनुपस्थित दर्शाया
हेड मास्टर घनश्याम जाटव के अनुसार 15 फरवरी को वह शाम चार बजे बच्चों के जाति प्रमाण पत्र बनवाने के लिए दस्तावेज देने वरिष्ठ कार्यालय गया था. उसके पास डीईओ कार्यालय से फोन आया तो उसने संबंधित कर्मचारी को बताया कि पूरा स्टाफ स्कूल पर है, वह स्कूल के काम से आया है. इसके बाबजूद डीईओ कार्यालय से फोन करने वाले कर्मचारियों ने घनश्याम जाटव, देवमणि भगत, राखी भार्गव, कविता मुडैया को अनुपस्थित दर्शा दिया.

बकौल घनश्याम जाटव इस संबंध में अगले दिन ही उन्होंने वाट्सएप ग्रुप पर अपना स्पष्टीकरण दे दिया था, जिसके चलते उन्हें नोटिस भी जारी नहीं किए गए. इसी क्रम में जब वेतन आया तो उसमें पूरे स्टाफ का 15 फरवरी का वेतन कटा हुआ था. इसी कारण स्टाफ परेशान हो गया था.

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