हीरा कारोबार का लालच देकर 2 करोड़ से ज्यादा की ठगी, मोबाइल हुआ नॉट रीचेबल… नहीं मिली फूटी रकम

अहमदाबाद: गुजरात में हीरा कारोबारी से करोड़ों की ठगी का मामला सामने आया है। सूरत के रहने वाले शख्स पर आरोप है कि उसने नाडियाद के एक 42 वर्षीय डेवलपर से कथित तौर पर 2.45 करोड़ रुपये की धोखाधड़ी की। शिकायकर्ता का कहना है कि आरोपी ने उसे अफ्रीका से कच्चे हीरे आयात करने के कारोबार में मुनाफे का लालच दिखाया। इस मामले में उत्तरसंडा के काका ना फलिया निवासी चिराग पटेल ने खेड़ा के चकलासी पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई है। चिराग ने अपनी एफआईआर में कहा है कि सूरत के सरदारनगर सोसाइटी निवासी आरोपी शैलेश पटेल से उसकी मुलाकात 2020 में चिंतन पटेल नाम के एक कॉमन फ्रेंड के जरिए हुई थी।कच्चे हीरे के कारोबार में मुनाफे का दिया लालच पुलिस को मिली जानकारी के मुताबिक शैलेश ने चिराग को बताया कि वह अफ्रीका से कच्चा हीरा आयात कर स्थानीय बाजार में बेचने का धंधा करता है। शैलेश ने चिराग को लालच देते हुए कहा कि इन हीरों की बिक्री से उसे काफी मुनाफा हुआ। शैलेश ने चिराग से कहा कि अगर वह उसके साथ कारोबार में निवेश करता है तो वह लगभग 20 फीसद के मार्जिन के साथ लाभ कमाएगा। शैलेश ने कहा कि वह सूरत में कई प्रमुख हीरा इकाइयों के साथ कारोबार कर रहा था। चिराग ने इस बारे में पूछताछ की और शैलेश के दावों को सही भी पाया था। पता लगाने के बाद ही लगाई थी रकमचिराग ने शैलेश के बारे में जुटाई गई जानकारी से आश्वस्त होने के बाद कच्चे हीरे के कारोबार में निवेश करने का फैसला किया। जिसके बाद चिराग ने 9 मार्च, 2020 और 22 जुलाई, 2020 के बीच शैलेश को 2.45 करोड़ रुपये का भुगतान किया। चिराग ने सूरत और मुंबई के 20 अलग-अलग खाताधारकों के साथ 30 लेनदेन किए। चिराग को नहीं मिली फूटी रकमशैलेश के साथ हीरा कारोबार में निवेश के बावजूद चिराग को एक रुपया नहीं मिला। उन्होंने शैलेश से इस बारे में पूछा तो शैलेश ने कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया। चिराग ने कहा कि शैलेश 2020 से अनरीचेबल है और उसका मोबाइल बंद है। जब चिराग उसका पता नहीं लगा सका। तो उसने मामले की पूछताछ के लिए पुलिस से संपर्क किया। चकलासी पुलिस ने शैलेश के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।